केले के बारे में कुछ खास बातें जो आप नहीं जानते होंगे!?

1. केलों को फ्रिज़ में नही रखना चाहिए क्योंकि केला गर्म जलवायु वाले स्थानों पर उगाया जाने वाला फल है और इसे कम तापमान में रखने से यह जल्दी ख़राब हो जाता है।

2. अगर आपको कहीं पर मच्छर काट जाए तो उस जगह पर केले का छिल्का रगड़ें, दर्द तुरंत कम हो जाएगा।

3. केले के छिल्कों को जूतों पर रगड़ने से वह चमक उठते हैं।

4. केले का वैज्ञानिक नाम मूसा सेपिनटम (Musa Sapientum) है। इसका अर्थ होता है – ‘बुद्धिमान व्यक्ति का फल’।

5. बाज़ार में आप जो केले ख्रीदते है वह केले की केवेंडिश (Cavendish) प्रजाति से होते है जा इससे विकसित की हुई किसी प्रजाति के होते हैं।

6. हर साल लगभग 1 लाख करोड़ केले खाएं जाते है जो इसे गेंहू, चावल और मक्की के बाद चौथा सबसे बड़ा खेतीबाड़ी उत्पाद बनाते हैं।

7. लगभग 51 प्रतीशत केलों को सुबह के नाशते के तौर पर खा लिया जाता है।

8. प्रतिव्यक्ति ज्यादा केले खाने के मामले में अफ्रीका का Uganda देश सबसे पहले है। वहां के लोग प्रति वर्ष औसतन 225 किलो के बराबर केले खा जाते हैं।

9. केलों के उत्पादन के मामले में भारत पहले स्थान पर है। भारत दुनिया के 28 प्रतिशत केले का उत्पादन करता है।

10. भारत के बाद चीन का नंबर आता है जो हर साल दुनिया के 10 प्रतीशत केलों का उत्पादन करता है।

11. केले में 75 फीसदी पानी होता है जिसके कारण वह सेब की तरह आसानी से पानी में तैर सकता है।

12. सिर्फ दो केले खाने से 90 मिनट तक काम करने की शक्ति मिलती है।

13. दुनिया के सबसे प्रमुख खिलाड़ियों की खुराक में केला नंबर वन फल है।

14. केला हिंदू धर्म में बहुत ही पवित्र फल माना गया है। लगभग सभी मंगल कार्यों में केले का प्रसाद के रूप में प्रयोग अवश्य होता है। चाणक्य के अर्थशास्त्र और अजंता-एलोरा का कलाकृतियों और चित्रों में मिलने वाले केले के विवरण से पता चलता है कि हिंदू धर्म में केले का इतिहास काफी पुराना है।

केले का छोटा सा भूतकाल

केले की उत्पत्ति लगभग 4000 साल पहले मलेशिया में हुई थी और यहीं से यह बाकी की दूनिया में पहुँचा।

जब सिकंदर भारत आया था तब युरोप के लोगों को पहली बार इस फल के बारे में पता चला। युरोप से यह अरब पहुँचा और वहां से अफ्रीका। अमेरिका के लोगों को 19वीं सदी के अंत में केले का स्वाद चख़ने का मौका मिला।